खटीमा कैंप कार्यालय में दिव्यांगजनों और वरिष्ठ नागरिकों को सहायक उपकरण वितरित करते मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी।
खटीमा। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने खटीमा के लोहियाहेड हेलीपैड स्थित कैंप कार्यालय में जनता और जनप्रतिनिधियों से मुलाकात कर उनकी समस्याएं सुनीं। मुख्यमंत्री ने लोगों की शिकायतों और सुझावों को गंभीरता से लेते हुए मौके पर मौजूद अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि आमजन की समस्याओं का समयबद्ध और प्रभावी समाधान सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है।

मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जनता से प्राप्त प्रत्येक शिकायत का प्राथमिकता के आधार पर परीक्षण किया जाए और उसका त्वरित, पारदर्शी एवं गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि लोगों को अपनी छोटी-बड़ी समस्याओं के समाधान के लिए अनावश्यक रूप से सरकारी कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें, इसके लिए अधिकारी संवेदनशीलता के साथ काम करें।
‘सरलीकरण, समाधान और संतुष्टि’ के मंत्र पर काम कर रही सरकार

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि राज्य सरकार सरलीकरण, समाधान और संतुष्टि के मंत्र के साथ आगे बढ़ रही है। शासन और प्रशासन की जवाबदेही तभी सार्थक मानी जाएगी, जब आम नागरिक को उसकी समस्या का समाधान समय पर और संतोषजनक तरीके से मिले।
उन्होंने अधिकारियों से कहा कि जनहित से जुड़े मामलों में किसी भी स्तर पर लापरवाही नहीं होनी चाहिए। प्रत्येक शिकायत को गंभीरता से लेते हुए उसके स्थायी और प्रभावी समाधान की दिशा में कार्रवाई की जाए। मुख्यमंत्री ने प्रशासनिक अधिकारियों को जनसमस्याओं के निस्तारण में पारदर्शिता और संवेदनशीलता बनाए रखने के भी निर्देश दिए।
27 दिव्यांगजनों को 77 सहायक उपकरण वितरित
जनता और जनप्रतिनिधियों से मुलाकात के बाद मुख्यमंत्री ने खटीमा कैंप कार्यालय में आयोजित कार्यक्रम में दिव्यांगजनों और वरिष्ठ नागरिकों को सहायक उपकरण वितरित किए।
इस दौरान 27 दिव्यांगजनों को 77 सहायक उपकरण प्रदान किए गए। वहीं 22 वरिष्ठ नागरिकों को 113 सहायक उपकरण वितरित किए गए। इन उपकरणों का उद्देश्य जरूरतमंद दिव्यांगजनों और बुजुर्गों को दैनिक जीवन में अधिक आत्मनिर्भर और सुविधाजनक जीवन जीने में सहायता प्रदान करना है।
कार्यक्रम में जरूरत के अनुसार विभिन्न प्रकार के उपकरण उपलब्ध कराए गए। इनमें व्हीलचेयर, कमोड चेयर, ट्राई साइकिल, हियरिंग मशीन, नी ब्रेस, बैसाखी, वॉकर, वॉकिंग स्टिक, सिलिकॉन कुशन और सीपी चेयर समेत अन्य सहायक उपकरण शामिल रहे।
11 बैटरी रिक्शा समेत कई उपकरण बांटे
सहायक उपकरण वितरण कार्यक्रम के दौरान जरूरतमंद लाभार्थियों को 11 बैटरी रिक्शा, 14 व्हीलचेयर, 18 कमोड चेयर, 6 ट्राई साइकिल, 24 हियरिंग मशीन, 40 नी ब्रेस और 13 बैसाखी भी प्रदान की गईं।
सरकार की ओर से उपलब्ध कराए गए इन उपकरणों से दिव्यांगजनों और वरिष्ठ नागरिकों को आवागमन, दैनिक गतिविधियों और जीवन को अधिक सुगम बनाने में मदद मिलने की उम्मीद है।
महिला संगठनों को मिली बोलेरो और फूड वैन की चाबी
मुख्यमंत्री धामी ने ग्रामोत्थान रीप योजना के अंतर्गत ग्रामीण क्षेत्रों में काम कर रहे महिला संगठनों को भी प्रोत्साहन दिया। इस दौरान नारी शक्ति ग्राम संगठन, गदरपुर और सत्यमेव जयते सीएलएफ, बाजपुर को बोलेरो वाहन की चाबी सौंपी गई।
इसके साथ ही एकता सीएलएफ, गदरपुर को फूड वैन की चाबी प्रदान की गई। इन संसाधनों के माध्यम से महिला संगठनों की गतिविधियों को गति देने और ग्रामीण स्तर पर स्वरोजगार एवं आजीविका के अवसरों को मजबूत करने में मदद मिलने की उम्मीद है।
महिला समूहों और ग्रामीण आजीविका को बढ़ावा देने पर जोर
ग्रामोत्थान रीप योजना के तहत दिए गए वाहन और फूड वैन को ग्रामीण क्षेत्र में आर्थिक गतिविधियों को बढ़ाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। इससे महिला समूहों को अपने उत्पादों और गतिविधियों को व्यापक स्तर तक पहुंचाने में मदद मिल सकती है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का प्रयास है कि ग्रामीण क्षेत्रों की महिलाओं को आर्थिक रूप से मजबूत बनाया जाए और उन्हें स्वरोजगार के बेहतर अवसर उपलब्ध कराए जाएं। महिला स्वयं सहायता समूहों और सामुदायिक संगठनों के माध्यम से स्थानीय स्तर पर रोजगार और आजीविका के अवसर बढ़ाने पर सरकार लगातार काम कर रही है।
कार्यक्रम में ये रहे मौजूद
इस अवसर पर दर्जा मंत्री अनिल कपूर डब्बू, किशन सिंह किन्ना, गंभीर सिंह धामी, रणजीत सिंह नामधारी और मोहिनी पोखरिया सहित अनेक जनप्रतिनिधि मौजूद रहे।
कार्यक्रम में जिलाधिकारी नितिन सिंह भदौरिया, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अजय गणपति, वीसी जय किशन, मुख्य विकास अधिकारी दिवेश शासनी, अपर जिलाधिकारी कौस्तुभ मिश्रा और जिला समाज कल्याण अधिकारी अमन अनिरुद्ध समेत विभिन्न विभागों के अधिकारी भी उपस्थित रहे।
मुख्यमंत्री का संदेश साफ—जनता की समस्या का समाधान प्राथमिकता
खटीमा कैंप कार्यालय में मुख्यमंत्री की जनता और जनप्रतिनिधियों से मुलाकात के दौरान एक ओर जहां स्थानीय समस्याओं और शिकायतों को सुना गया, वहीं दूसरी ओर दिव्यांगजनों और वरिष्ठ नागरिकों को सहायक उपकरण उपलब्ध कराकर उन्हें राहत देने का प्रयास किया गया। महिला संगठनों को वाहन और फूड वैन की सुविधा दिए जाने से ग्रामीण आजीविका को भी बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।
