बनबसा मिनी स्टेडियम में खिलाड़ियों को खेल किट और पुरस्कार वितरित करते मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी। कार्यक्रम में खेल सुविधाओं के विस्तार और चम्पावत की विकास परियोजनाओं पर जोर दिया गया।
बनबसा। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने अपने एक दिवसीय चम्पावत दौरे के दौरान बनबसा में खेल सुविधाओं के विस्तार और जिले के समग्र विकास से जुड़ी योजनाओं को प्रमुखता दी। बनबसा मिनी स्टेडियम में आयोजित कार्यक्रम के दौरान उन्होंने बैडमिंटन कोर्ट सहित विभिन्न विकास कार्यों का शुभारंभ एवं शिलान्यास किया। इस अवसर पर खिलाड़ियों को खेल किट और पुरस्कार वितरित कर उनका उत्साहवर्धन किया गया। मुख्यमंत्री ने युवाओं से खेलों को अपनी दिनचर्या में शामिल करने, अनुशासन अपनाने और नशे से दूर रहकर स्वस्थ जीवनशैली जीने की अपील की।

कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने चम्पावत के विकास से जुड़ी खेल, स्वास्थ्य, परिवहन और धार्मिक पर्यटन की योजनाओं का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि जिले को आदर्श जनपद बनाने के लिए बुनियादी सुविधाओं को मजबूत करना और स्थानीय प्रतिभाओं को आगे बढ़ने के अवसर देना जरूरी है। इसी क्रम में बनबसा के चूना भट्ठा स्थित स्वतंत्रता सेनानी कैप्टन करम चन्द स्टेडियम में चार विकास कार्यों का शिलान्यास किया गया। वहीं, एनएचपीसी की ओर से कॉर्पोरेट सामाजिक उत्तरदायित्व (सीएसआर) के तहत उपलब्ध कराए गए तीन टाटा योद्धा वाहनों को भी हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया।
बनबसा मिनी स्टेडियम में खेल सुविधाओं के विस्तार पर जोर

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बनबसा मिनी स्टेडियम में बैडमिंटन कोर्ट सहित विभिन्न विकास कार्यों का शुभारंभ एवं शिलान्यास किया। इन कार्यों का उद्देश्य क्षेत्र में खेल सुविधाओं को बेहतर बनाना और खिलाड़ियों को अभ्यास के लिए जरूरी आधारभूत ढांचा उपलब्ध कराना है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि खेल केवल शारीरिक फिटनेस तक सीमित नहीं हैं, बल्कि इनसे युवाओं में अनुशासन, आत्मविश्वास, टीम भावना और कठिन परिस्थितियों का सामना करने की क्षमता भी विकसित होती है। खेलों के माध्यम से युवा अपनी प्रतिभा को पहचान सकते हैं और जिला, राज्य तथा राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं में बेहतर प्रदर्शन करने की दिशा में आगे बढ़ सकते हैं।
उन्होंने कहा कि प्रतिभाशाली खिलाड़ियों को सम्मानित करना उनके परिश्रम, समर्पण और उपलब्धियों को प्रोत्साहित करने का एक महत्वपूर्ण माध्यम है। खेल किट मिलने से खिलाड़ियों को अभ्यास और प्रतियोगिताओं की तैयारी में मदद मिलती है। मुख्यमंत्री ने खिलाड़ियों के उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए उन्हें निरंतर मेहनत करने और अपने लक्ष्य के प्रति समर्पित रहने के लिए प्रेरित किया।
खिलाड़ियों को खेल किट और पुरस्कार देकर किया सम्मानित
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने खिलाड़ियों को खेल किट और पुरस्कार वितरित किए। इस अवसर पर बालिका वर्ग में प्रथम स्थान प्राप्त करने वाली साधना और बालक वर्ग में प्रथम स्थान हासिल करने वाले जतिन चंद को पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि खेल प्रतिभाओं को उचित प्रोत्साहन मिलना चाहिए, ताकि वे अपनी क्षमता के अनुसार आगे बढ़ सकें। स्थानीय स्तर पर खेल सुविधाओं का विकास होने से युवाओं को अभ्यास के लिए बेहतर वातावरण मिलता है और उन्हें अपनी प्रतिभा निखारने का अवसर मिलता है।
उन्होंने युवाओं से खेलों को जीवन का नियमित हिस्सा बनाने और नशे से दूर रहने की अपील की। मुख्यमंत्री के अनुसार, स्वस्थ शरीर, सकारात्मक सोच और अनुशासन युवाओं को व्यक्तिगत जीवन के साथ-साथ समाज के विकास में भी योगदान देने के लिए सक्षम बनाते हैं।
कैप्टन करम चन्द स्टेडियम में चार विकास कार्यों का शिलान्यास
मुख्यमंत्री ने बनबसा के चूना भट्ठा स्थित स्वतंत्रता सेनानी कैप्टन करम चन्द स्टेडियम में चार विकास कार्यों का शिलान्यास भी किया। इन परियोजनाओं के तहत दर्शकदीर्घा स्टैंड, पहुंच मार्ग, बाउंड्री वॉल और बैडमिंटन हॉल का निर्माण किया जाना है।
प्रस्तावित कार्यों में 28 लाख रुपये की लागत से दर्शकदीर्घा स्टैंड, 20 लाख रुपये की लागत से पहुंच मार्ग और 20 लाख रुपये की लागत से बाउंड्री वॉल का निर्माण शामिल है। इसके अतिरिक्त, कॉर्पोरेट सामाजिक उत्तरदायित्व यानी सीएसआर के तहत 150.20 लाख रुपये की लागत से बैडमिंटन हॉल बनाया जाएगा।
इन कार्यों से स्टेडियम में खेल गतिविधियों के लिए जरूरी सुविधाओं का विस्तार करने का लक्ष्य है। दर्शकदीर्घा बनने से खेल आयोजनों के दौरान दर्शकों के बैठने की व्यवस्था बेहतर होगी। पहुंच मार्ग और बाउंड्री वॉल से स्टेडियम की आधारभूत सुविधाओं को मजबूती मिलेगी, जबकि बैडमिंटन हॉल बनने से खिलाड़ियों को इस खेल के अभ्यास के लिए बेहतर स्थान उपलब्ध हो सकेगा।
लोहाघाट में 256.97 करोड़ रुपये से विकसित हो रहा महिला स्पोर्ट्स कॉलेज
मुख्यमंत्री ने चम्पावत जिले में खेल सुविधाओं को बढ़ावा देने के लिए लोहाघाट में विकसित किए जा रहे महिला स्पोर्ट्स कॉलेज का उल्लेख किया। उन्होंने बताया कि लगभग 256.97 करोड़ रुपये की लागत से विकसित हो रहा यह संस्थान प्रदेश की महिला खिलाड़ियों को बेहतर खेल अवसर उपलब्ध कराने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है।
महिला स्पोर्ट्स कॉलेज के माध्यम से खेल के क्षेत्र में आगे बढ़ने की इच्छुक युवतियों को प्रोत्साहित करने और उनकी प्रतिभा को निखारने पर जोर दिया जा रहा है। खेल सुविधाओं का विस्तार होने से महिला खिलाड़ियों को प्रशिक्षण और प्रतियोगिताओं में भागीदारी के लिए बेहतर अवसर उपलब्ध कराने में मदद मिल सकती है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि खेलों में महिलाओं की भागीदारी बढ़ाना और उन्हें आगे बढ़ने के समान अवसर उपलब्ध कराना जरूरी है। खेल के क्षेत्र में बेहतर आधारभूत ढांचा तैयार होने से स्थानीय प्रतिभाओं को भी अपनी क्षमता दिखाने का अवसर मिलेगा।
20 करोड़ रुपये से बनेगा 50 बेड का क्रिटिकल केयर ब्लॉक
मुख्यमंत्री ने चम्पावत जिले में स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने के लिए किए जा रहे प्रयासों की जानकारी भी दी। उन्होंने कहा कि क्षेत्र में विशेषज्ञ चिकित्सकों की सेवाएं, नियमित स्वास्थ्य जांच और निःशुल्क दवा वितरण जैसी सुविधाएं सुनिश्चित करने पर ध्यान दिया गया है।
उन्होंने बताया कि जनपद में 20 करोड़ रुपये की लागत से 50 शैय्यायुक्त क्रिटिकल केयर ब्लॉक बनाया जाएगा। इस स्वास्थ्य सुविधा का उद्देश्य गंभीर रूप से बीमार मरीजों को बेहतर उपचार उपलब्ध कराने की व्यवस्था को मजबूत करना है।
क्रिटिकल केयर ब्लॉक जैसी सुविधा से गंभीर मरीजों की देखभाल के लिए स्वास्थ्य सेवाओं का विस्तार करने में मदद मिल सकती है। इससे जिले में स्वास्थ्य संबंधी आधारभूत ढांचे को मजबूती देने और जरूरतमंद मरीजों को उपचार उपलब्ध कराने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाया जा सकेगा।
टनकपुर में 237.74 करोड़ रुपये से विकसित हो रहा आधुनिक आईएसबीटी
मुख्यमंत्री ने टनकपुर में लगभग 237.74 करोड़ रुपये की लागत से विकसित किए जा रहे आधुनिक अंतरराज्यीय बस टर्मिनल यानी आईएसबीटी का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि बेहतर परिवहन सुविधाएं किसी भी क्षेत्र के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं।
आधुनिक बस टर्मिनल विकसित होने से यात्रियों के आवागमन और क्षेत्र की परिवहन व्यवस्था को बेहतर बनाने में मदद मिलने की उम्मीद है। चम्पावत जिले में पर्यटन, व्यापार और स्थानीय गतिविधियों को गति देने के लिए संपर्क सुविधाओं का विकास भी महत्वपूर्ण है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार जिले में बुनियादी सुविधाओं को मजबूत करने और विकास कार्यों को आगे बढ़ाने के लिए प्रयासरत है। परिवहन सुविधाओं के विस्तार से स्थानीय लोगों और यहां आने वाले यात्रियों को लाभ पहुंचाने का लक्ष्य है।
मां पूर्णागिरि धाम और शारदा कॉरिडोर से धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा
मुख्यमंत्री ने मां पूर्णागिरि धाम और शारदा कॉरिडोर से जुड़े विकास कार्यों का उल्लेख करते हुए कहा कि धार्मिक पर्यटन चम्पावत और आसपास के क्षेत्रों की आर्थिक गतिविधियों के लिए महत्वपूर्ण है।
मां पूर्णागिरि धाम में बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचते हैं। ऐसे में धार्मिक स्थलों और उनसे जुड़े क्षेत्रों में सुविधाओं का विकास श्रद्धालुओं के आवागमन और पर्यटन व्यवस्था को बेहतर बनाने में सहायक हो सकता है।
मुख्यमंत्री के अनुसार, धार्मिक पर्यटन से स्थानीय स्तर पर रोजगार और आर्थिक गतिविधियों के नए अवसर पैदा करने की संभावनाएं भी बढ़ती हैं। पर्यटन से जुड़े विकास कार्यों के माध्यम से स्थानीय व्यापारियों, सेवा प्रदाताओं और अन्य लोगों को लाभ पहुंचाने का लक्ष्य रखा गया है।
एनएचपीसी ने वन विभाग को दिए तीन टाटा योद्धा वाहन
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने भारत सरकार के उपक्रम एनएचपीसी लिमिटेड के टनकपुर पावर स्टेशन की ओर से कॉर्पोरेट सामाजिक उत्तरदायित्व (सीएसआर) के अंतर्गत उपलब्ध कराए गए तीन टाटा योद्धा वाहनों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।
ये वाहन वन प्रभाग हल्द्वानी और वन प्रभाग चम्पावत को उपलब्ध कराए गए हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि इन वाहनों से वन विभाग के कार्यों को सुगम बनाने और वन एवं पर्यावरण संरक्षण से संबंधित गतिविधियों को गति देने में मदद मिलेगी।
वन क्षेत्रों की निगरानी, विभागीय कार्यों और संरक्षण संबंधी गतिविधियों के लिए परिवहन सुविधाओं का महत्व रहता है। ऐसे में विभागों को उपलब्ध कराए गए वाहनों से उनके कार्यों को अधिक सुविधाजनक बनाने में सहायता मिल सकती है।
एनएचपीसी की ओर से सीएसआर के तहत किए गए इस सहयोग को क्षेत्र में वन एवं पर्यावरण संरक्षण से जुड़े कार्यों को समर्थन देने की पहल के रूप में देखा जा रहा है।
‘आदर्श चम्पावत’ के लक्ष्य पर सरकार का फोकस
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार चम्पावत के सर्वांगीण विकास के लिए प्रतिबद्ध है। ‘आदर्श चम्पावत’ का लक्ष्य हासिल करना ‘आदर्श उत्तराखंड’ की परिकल्पना को साकार करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।
उन्होंने कहा कि किसी जिले का समग्र विकास तभी संभव है, जब खेल, स्वास्थ्य, शिक्षा, पर्यटन और परिवहन जैसी बुनियादी जरूरतों पर एक साथ ध्यान दिया जाए। स्थानीय प्रतिभाओं को अवसर उपलब्ध कराने, स्वास्थ्य सुविधाओं को बेहतर बनाने और पर्यटन से जुड़े संसाधनों का विकास करने से क्षेत्र की विकास प्रक्रिया को आगे बढ़ाया जा सकता है।
मुख्यमंत्री ने युवाओं, खिलाड़ियों और क्षेत्रवासियों से खेल, स्वास्थ्य, अनुशासन तथा सकारात्मक सोच को अपने जीवन का हिस्सा बनाने की अपील की। उन्होंने कहा कि विकास योजनाओं को प्रभावी ढंग से धरातल पर उतारने में जनसहभागिता की महत्वपूर्ण भूमिका होती है।
कार्यक्रम में जनप्रतिनिधि और अधिकारी रहे मौजूद
बनबसा मिनी स्टेडियम में आयोजित कार्यक्रम में दर्जाधारी सुभाष बगौली, हेमा जोशी, मनोज कालाकोटी, किरण देवी, पूर्व सैनिक संगठन के अध्यक्ष भानी चंद, विधायक प्रतिनिधि टनकपुर दीपक रजवार और नगर पालिका परिषद बनबसा की अध्यक्ष रेखा देवी उपस्थित रहीं।
इसके अलावा जिलाधिकारी मनीष कुमार, पुलिस अधीक्षक रेखा यादव, उपजिलाधिकारी प्रमोद कुमार और एनएचपीसी टनकपुर पावर स्टेशन के प्रमुख ऋषि रंजन आर्या सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी, जनप्रतिनिधि, समूहों की महिलाएं, खिलाड़ी और बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक कार्यक्रम में शामिल हुए।
कार्यक्रम के दौरान खेल सुविधाओं के विस्तार, खिलाड़ियों के प्रोत्साहन, वन एवं पर्यावरण संरक्षण और चम्पावत जिले में चल रही विकास परियोजनाओं पर विशेष जोर दिया गया।
