मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मुख्यमंत्री कैंप कार्यालय से जुलाई 2026 की पेंशन किस्त DBT के माध्यम से लाभार्थियों के खातों में जारी की।
देहरादून। उत्तराखंड के लाखों पेंशन लाभार्थियों के लिए राहत की खबर है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शनिवार को मुख्यमंत्री कैंप कार्यालय से समाज कल्याण विभाग के अंतर्गत संचालित विभिन्न पेंशन योजनाओं की जुलाई 2026 की पेंशन किस्त जारी की। सरकार की ओर से 9 लाख 87 हजार 17 पेंशन लाभार्थियों को कुल 146 करोड़ 32 लाख 50 हजार रुपये की धनराशि डीबीटी यानी डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर के माध्यम से उनके बैंक खातों में भेजी गई।

सरकार का दावा है कि पेंशन की यह राशि सीधे लाभार्थियों के खातों में पहुंचने से भुगतान व्यवस्था अधिक पारदर्शी और सरल हुई है। इससे बुजुर्गों, विधवा महिलाओं, दिव्यांगजनों, किसानों और अन्य पात्र लाभार्थियों को पेंशन के लिए सरकारी कार्यालयों के चक्कर लगाने की जरूरत नहीं पड़ती।
CM धामी बोले- कमजोर वर्ग सरकार के परिवार का हिस्सा

पेंशन राशि जारी करते हुए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि राज्य सरकार समाज के प्रत्येक वर्ग के कल्याण के लिए प्रतिबद्ध है। सरकार की प्राथमिकता है कि योजनाओं का लाभ पात्र व्यक्ति तक सीधे और समय पर पहुंचे।
मुख्यमंत्री ने कहा कि समाज का कमजोर वर्ग सरकार के परिवार का हिस्सा है। सरकार का प्रयास है कि किसी बुजुर्ग माता-पिता, विधवा बहन या दिव्यांग भाई को अपनी पेंशन के लिए दफ्तरों के चक्कर न लगाने पड़ें।
उन्होंने कहा कि सरकार का संकल्प है कि प्रत्येक पात्र नागरिक को उसका अधिकार सम्मानपूर्वक, समय पर और बिना किसी परेशानी के मिले। डीबीटी व्यवस्था के माध्यम से पेंशन सीधे बैंक खातों में पहुंचाई जा रही है, जिससे बिचौलियों की भूमिका खत्म होने के साथ ही भुगतान प्रक्रिया में पारदर्शिता भी बढ़ी है।
9 लाख 87 हजार से ज्यादा लाभार्थियों को मिला फायदा
समाज कल्याण विभाग के अनुसार जुलाई 2026 में विभिन्न पेंशन योजनाओं के तहत कुल 9,87,017 लाभार्थियों को पेंशन का भुगतान किया गया है। इसके लिए कुल 146.32 करोड़ रुपये से अधिक की धनराशि वितरित की गई।
इसमें सबसे अधिक लाभार्थी वृद्धावस्था पेंशन योजना के हैं। इसके बाद विधवा पेंशन और दिव्यांग पेंशन के लाभार्थियों को भुगतान किया गया।
किस योजना में कितने लाभार्थियों को मिली पेंशन?
वृद्धावस्था पेंशन:
वृद्धावस्था पेंशन योजना के तहत 6,15,628 लाभार्थियों को 1,500 रुपये प्रतिमाह की दर से पेंशन दी गई। इस मद में करीब 92.34 करोड़ रुपये की धनराशि वितरित हुई।
विधवा पेंशन:
विधवा पेंशन योजना के तहत 2,36,983 लाभार्थियों को 1,500 रुपये प्रतिमाह की दर से पेंशन मिली। इसके लिए करीब 35.54 करोड़ रुपये जारी किए गए।
दिव्यांग पेंशन:
दिव्यांग पेंशन के 89,128 लाभार्थियों को 1,500 रुपये प्रतिमाह की दर से भुगतान किया गया। इस योजना के तहत करीब 13.36 करोड़ रुपये की धनराशि वितरित की गई।
किसान पेंशन:
किसान पेंशन योजना के 27,288 लाभार्थियों को 1,200 रुपये प्रतिमाह की दर से पेंशन दी गई। इसके लिए करीब 3.20 करोड़ रुपये जारी किए गए।
परित्यक्ता पेंशन:
परित्यक्ता पेंशन के 8,284 लाभार्थियों को 1,200 रुपये प्रतिमाह की दर से करीब 99.40 लाख रुपये का भुगतान किया गया।
भरण-पोषण अनुदान:
भरण-पोषण अनुदान के 7,383 लाभार्थियों को 700 रुपये की दर से करीब 51.68 लाख रुपये वितरित किए गए।
तीलू रौतेली पेंशन:
तीलू रौतेली पेंशन योजना के 2,196 लाभार्थियों को 1,200 रुपये प्रतिमाह की दर से करीब 26.35 लाख रुपये का भुगतान हुआ।
बौना पेंशन:
बौना पेंशन योजना के 127 लाभार्थियों को 1,200 रुपये प्रतिमाह की दर से करीब 1.52 लाख रुपये की धनराशि दी गई।
NSAP के 2.15 लाख पेंशनरों को भी मिला लाभ
समाज कल्याण मंत्री खजान दास ने बताया कि जुलाई 2026 की पेंशन किस्त का भुगतान कर दिया गया है। उन्होंने कहा कि इस भुगतान में ग्रामीण विकास मंत्रालय, भारत सरकार के राष्ट्रीय सामाजिक सहायता कार्यक्रम (NSAP) के करीब 2.15 लाख पेंशनर भी शामिल हैं।
इन लाभार्थियों को वर्तमान में SNA स्पर्श नामक नवीन भुगतान प्रणाली के माध्यम से पेंशन का भुगतान किया जा रहा है। इस व्यवस्था का उद्देश्य सरकारी धनराशि को अधिक प्रभावी, पारदर्शी और सीधे लाभार्थी तक पहुंचाना है।
सीधे खाते में पेंशन पहुंचाने पर सरकार का जोर
उत्तराखंड सरकार लगातार सामाजिक सुरक्षा योजनाओं के भुगतान को डीबीटी के माध्यम से करने पर जोर दे रही है। इसका सीधा फायदा उन लोगों को मिलता है, जो उम्र, आर्थिक स्थिति या सामाजिक परिस्थितियों के कारण सरकारी कार्यालयों में बार-बार जाकर अपनी पेंशन संबंधी प्रक्रिया पूरी करने में सक्षम नहीं होते।
सरकार का कहना है कि डिजिटल भुगतान व्यवस्था से लाभार्थियों को समय पर पेंशन मिलने के साथ ही भुगतान की निगरानी भी आसान होती है। इससे सरकारी योजनाओं में पारदर्शिता और जवाबदेही बढ़ाने में मदद मिलती है।
PM मोदी के मार्गदर्शन में आत्मनिर्भर उत्तराखंड का लक्ष्य
मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में राज्य सरकार ‘सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास और सबका प्रयास’ की भावना के साथ उत्तराखंड को सशक्त और आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में काम कर रही है।
उन्होंने कहा कि राज्य का वास्तविक विकास तभी संभव है, जब समाज के प्रत्येक वर्ग को विकास की मुख्यधारा से जोड़ा जाए। सरकार की योजनाओं का उद्देश्य अंतिम पंक्ति में खड़े व्यक्ति तक सुविधाएं और आर्थिक सहायता पहुंचाना है।
कार्यक्रम में ये अधिकारी रहे मौजूद
मुख्यमंत्री कैंप कार्यालय में आयोजित कार्यक्रम के दौरान सचिव समाज कल्याण श्रीधर बाबू अद्दांकी, निदेशक जनजाति कल्याण संजय टोलिया, अपर सचिव सुन्दरलाल सेमवाल, निदेशक संजय कुमार, अपर निदेशक योगेंद्र रावत, संयुक्त निदेशक जी.आर. नौटियाल, गोवर्धन सिंह सहित समाज कल्याण विभाग के अन्य अधिकारी एवं कर्मचारी मौजूद रहे।
