नाराज विधायकों ने पलटी सचिव की टेबल
गैरसैंण। उत्तराखंड विधानसभा के मानसून सत्र के पहले दिन सदन की कार्यवाही हंगामेदार रही। कांग्रेस विधायकों ने कानून व्यवस्था और नैनीताल जिला पंचायत चुनाव को लेकर सदन के भीतर और बाहर जमकर हंगामा किया।

सदन में टेबल पलटी, नहीं हुआ प्रश्नकाल
कांग्रेस विधायकों ने नियम-310 के तहत प्रदेश की कानून व्यवस्था पर चर्चा की मांग की। नाराजगी इतनी बढ़ी कि कांग्रेस विधायकों ने सचिव विधानसभा की टेबल तक पलट दी। स्पीकर के बार-बार समझाने पर भी विधायक नहीं माने और हंगामा जारी रखा, जिसके चलते प्रश्नकाल नहीं हो सका।


विपक्ष का आरोप
विपक्ष ने नैनीताल जिला पंचायत चुनाव में धांधली और सत्ता के संरक्षण में लोकतंत्र के अपहरण का आरोप लगाया। कांग्रेस नेताओं का कहना है कि पुलिस की मौजूदगी में जनप्रतिनिधियों का अपहरण लोकतंत्र की आत्मा को झकझोरने वाला है। कांग्रेस विधायक प्रीतम सिंह और सुमित हृदयेश ने सरकार पर तीखे सवाल उठाते हुए कहा कि सच से भागने वाली सरकार जनता के सवालों का सामना नहीं कर सकती।

मुख्यमंत्री का जवाब
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने विपक्ष पर सदन न चलने देने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि विपक्ष को सदन चलाने में सहयोग करना चाहिए। जिस तरह का कृत्य विपक्ष ने किया है, वह उचित नहीं है। विपक्ष मुद्दे उठाए, लेकिन सदन की संपत्ति तोड़ना किसी भी तरह से सही नहीं ठहराया जा सकता।
कांग्रेस का पलटवार
कांग्रेसी विधायकों का कहना है कि उनकी मांग जायज़ है और प्रदेश की बिगड़ती कानून व्यवस्था पर चर्चा से सरकार भाग रही है। विपक्ष ने चेतावनी दी कि जब तक सरकार जवाब नहीं देगी, विरोध प्रदर्शन जारी रहेगा।
