नैनीताल के विकास भवन सभागार में 20 सूत्री एवं 25 सूत्री कार्यक्रमों की समीक्षा बैठक करते मुख्य विकास अधिकारी अरविंद कुमार पाण्डेय।
नैनीताल। नैनीताल जिले में विकास योजनाओं की प्रगति को लेकर मुख्य विकास अधिकारी अरविंद कुमार पाण्डेय ने समीक्षा बैठक की। विकास भवन सभागार में आयोजित बैठक में 20 सूत्री और 25 सूत्री कार्यक्रमों के तहत विभिन्न विभागों के कामकाज की समीक्षा की गई। 20 सूत्री कार्यक्रम में जिले की कुल 40 मदों में से 36 को ‘A’ श्रेणी, तीन को ‘B’ श्रेणी और एक मद को ‘D’ श्रेणी मिली है। वहीं, बैठक में राजस्व, खनन और जिला प्राधिकरण से संबंधित अधिकारियों की अनुपस्थिति के कारण इन विभागों की प्रगति की समीक्षा नहीं हो सकी। इस पर सीडीओ ने जिलाधिकारी को पत्र भेजकर आवश्यक कार्रवाई का अनुरोध किया।

20 सूत्री कार्यक्रम में नैनीताल जिले को मिली 36 मदों में ‘A’ श्रेणी
नैनीताल। जिले में सरकारी योजनाओं और विकास कार्यक्रमों की प्रगति को बेहतर बनाने के लिए प्रशासन ने विभागवार समीक्षा शुरू की है। इसी क्रम में मुख्य विकास अधिकारी (CDO) अरविंद कुमार पाण्डेय ने 12 अक्टूबर की देर शाम विकास भवन सभागार में 20 सूत्री एवं 25 सूत्री कार्यक्रमों की समीक्षा बैठक की।

बैठक में 20 सूत्री कार्यक्रम के तहत विभिन्न विभागों की प्रगति का आकलन किया गया। समीक्षा के दौरान सामने आया कि जनपद में कुल 40 मदों के सापेक्ष 36 मदों को ‘A’ श्रेणी, तीन मदों को ‘B’ श्रेणी और एक मद को ‘D’ श्रेणी प्राप्त हुई है।
प्रशासन के अनुसार, 20 सूत्री कार्यक्रम के तहत नैनीताल जिले की पिछले महीने प्रदेश में तीसरी रैंकिंग रही थी। इस स्थिति को और बेहतर बनाने के लिए मुख्य विकास अधिकारी ने संबंधित विभागों को निर्धारित लक्ष्यों के अनुरूप काम करने और प्रगति में सुधार लाने के निर्देश दिए।
रैंकिंग सुधारने के लिए विभागों को लक्ष्य पूरे करने के निर्देश
समीक्षा बैठक में मुख्य विकास अधिकारी ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे अपने-अपने विभागों से संबंधित योजनाओं और कार्यक्रमों की प्रगति पर नियमित नजर रखें। निर्धारित लक्ष्यों को समय पर पूरा करने के साथ-साथ शासन की ओर से तय मानकों का भी पालन सुनिश्चित किया जाए।
उन्होंने विभागीय अधिकारियों से अपेक्षा की कि जिन मदों में अपेक्षित प्रगति नहीं हुई है, वहां कमियों की पहचान कर आवश्यक सुधारात्मक कदम उठाए जाएं। इसका उद्देश्य जिले की समग्र प्रगति को बेहतर बनाना और 20 सूत्री कार्यक्रम की रैंकिंग में सुधार लाना है।
20 सूत्री कार्यक्रम के तहत मिलने वाली श्रेणियां विभागों की निर्धारित मदों में प्रगति की स्थिति को दर्शाती हैं। ऐसे में संबंधित विभागों के लिए जरूरी है कि वे अपने लक्ष्यों की नियमित समीक्षा करें और समयबद्ध तरीके से काम पूरा करें।
25 सूत्री कार्यक्रम की भी हुई समीक्षा
बैठक में 20 सूत्री कार्यक्रम के साथ-साथ 25 सूत्री कार्यक्रम के अंतर्गत विभिन्न विभागों की प्रगति की भी समीक्षा की गई। मुख्य विकास अधिकारी ने संबंधित अधिकारियों से अपने-अपने विभागों की अद्यतन प्रगति की जानकारी लेते हुए निर्धारित लक्ष्यों को समयबद्ध तरीके से पूरा करने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि सभी विभाग अपनी योजनाओं और कार्यक्रमों की प्रगति पर ध्यान दें तथा तय समयसीमा के भीतर अपेक्षित परिणाम सुनिश्चित करें। शासन द्वारा निर्धारित मानकों के अनुरूप कार्य करते हुए विकास योजनाओं के क्रियान्वयन में तेजी लाने की जरूरत पर भी जोर दिया गया।
बैठक का उद्देश्य दोनों कार्यक्रमों के तहत विभागवार प्रगति की स्थिति स्पष्ट करना, लक्ष्य पूरा करने में आ रही कमियों को पहचानना और जिले के प्रदर्शन में सुधार के लिए आवश्यक कदम उठाना रहा।
अधिकारियों की अनुपस्थिति से तीन विभागों की समीक्षा नहीं हो सकी
समीक्षा बैठक के दौरान राजस्व विभाग, खनन और जिला प्राधिकरण से संबंधित अधिकारियों की अनुपस्थिति का मामला भी सामने आया। संबंधित अधिकारियों के बैठक में मौजूद नहीं होने के कारण इन विभागों की प्रगति की समीक्षा नहीं हो सकी।
इस पर मुख्य विकास अधिकारी अरविंद कुमार पाण्डेय ने जिलाधिकारी, नैनीताल को पत्र प्रेषित किया। पत्र के माध्यम से संबंधित अधिकारियों की अनुपस्थिति के संबंध में आवश्यक कार्रवाई किए जाने का अनुरोध किया गया।
विभागीय समीक्षा बैठकों में अधिकारियों की उपस्थिति महत्वपूर्ण होती है, क्योंकि इनके माध्यम से योजनाओं की वास्तविक स्थिति, निर्धारित लक्ष्यों की पूर्ति और कामकाज में आ रही बाधाओं की जानकारी प्राप्त की जाती है। संबंधित विभागों की समीक्षा नहीं हो पाने से उनकी प्रगति का आकलन इस बैठक में नहीं किया जा सका।
समयबद्ध कार्य और बेहतर प्रदर्शन पर प्रशासन का जोर
मुख्य विकास अधिकारी ने सभी संबंधित विभागों को निर्देश दिए कि 20 सूत्री और 25 सूत्री कार्यक्रमों के तहत निर्धारित लक्ष्यों को समयबद्ध तरीके से पूरा किया जाए। उन्होंने शासन के निर्धारित मानकों के अनुरूप प्रगति में सुधार लाने और जिले की स्थिति बेहतर बनाने के लिए प्रभावी प्रयास करने को कहा।
बैठक में विभागीय कामकाज की निगरानी, लक्ष्यों की पूर्ति और योजनाओं की प्रगति में सुधार को प्राथमिकता देने पर जोर दिया गया। प्रशासन की ओर से संबंधित विभागों को निर्देशित किया गया कि वे अपने दायित्वों का गंभीरता से निर्वहन करें और निर्धारित समयसीमा के भीतर अपेक्षित प्रगति सुनिश्चित करें।
नैनीताल जिले में 20 सूत्री कार्यक्रम के तहत पिछले महीने प्रदेश में तीसरी रैंकिंग रही थी। अब प्रशासन का जोर उपलब्ध प्रदर्शन को बनाए रखने के साथ-साथ शेष मदों में भी सुधार लाकर समग्र रैंकिंग बेहतर करने पर है। वहीं, 25 सूत्री कार्यक्रम के तहत भी विभागों को तय लक्ष्यों की समय पर पूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।
