गरमपानी-खैरना में आयोजित जनकल्याण शिविर में विभिन्न विभागों ने एक ही मंच पर सेवाएं उपलब्ध कराते हुए पात्र लाभार्थियों को सरकारी योजनाओं का लाभ दिया।
गरमपानी। उत्तराखंड सरकार का ‘सेवा, सुशासन एवं समर्पण – जन-जन की सरकार, जन-जन के द्वार’ अभियान लगातार जमीनी स्तर पर असर दिखा रहा है। इसी कड़ी में मंगलवार को नैनीताल जिले के विकासखंड बेतालघाट के गरमपानी-खैरना में आयोजित बहुउद्देशीय जनकल्याण शिविर आम जनता के लिए समस्याओं के त्वरित समाधान और सरकारी योजनाओं की सीधी पहुंच का प्रभावी मंच बनकर सामने आया।

शिविर में विभिन्न विभागों ने एक ही स्थान पर अपनी सेवाएं उपलब्ध कराईं, जिससे लोगों को अलग-अलग कार्यालयों के चक्कर नहीं लगाने पड़े। पात्र लाभार्थियों को सरकारी योजनाओं का लाभ मौके पर ही प्रदान किया गया, जबकि अधिकारियों ने जनसमस्याओं को सुनकर तत्काल कार्रवाई भी सुनिश्चित की।
180 लाभार्थियों को मिला योजनाओं का लाभ

शिविर के दौरान विभिन्न विभागों की ओर से 180 पात्र लाभार्थियों को सरकारी योजनाओं का लाभ दिया गया। इसके अलावा आम नागरिकों की 38 शिकायतें और समस्याएं दर्ज की गईं, जिनमें से 32 शिकायतों का मौके पर ही निस्तारण कर दिया गया। शेष मामलों को संबंधित विभागों को समयबद्ध कार्रवाई के लिए सौंपा गया।
प्रशासन का कहना है कि अभियान का उद्देश्य केवल शिकायतें दर्ज करना नहीं, बल्कि उनका शीघ्र समाधान सुनिश्चित करना भी है।
ग्रामीणों ने उठाईं स्थानीय समस्याएं, अधिकारियों को मिले तत्काल कार्रवाई के निर्देश
जनसुनवाई के दौरान ग्रामीणों ने क्षेत्र की कई महत्वपूर्ण समस्याओं को प्रशासन के सामने रखा। इनमें प्रमुख रूप से—
- जंगली जानवरों से फसलों को हो रहा नुकसान
- बंदरों का बढ़ता आतंक
- आवारा पशुओं की समस्या
- बिजली के पोलों पर झूलते तार
- मनरेगा मजदूरी का लंबित भुगतान
- शिप्रा नदी की नियमित सफाई
- अन्य स्थानीय विकास एवं जनसुविधाओं से जुड़े मुद्दे
इन सभी मामलों पर संबंधित विभागों के अधिकारियों को स्थलीय निरीक्षण कर आवश्यक कार्रवाई करने और जल्द समाधान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।
सरकार की योजनाएं अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने पर जोर
परियोजना निदेशक डीआरडीए शिल्पी पंत ने कहा कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में चलाया जा रहा यह अभियान सरकार की योजनाओं को अंतिम व्यक्ति तक पारदर्शी, सरल और समयबद्ध तरीके से पहुंचाने का प्रभावी माध्यम बन चुका है।
उन्होंने कहा कि एक ही स्थान पर कई विभागों की सेवाएं उपलब्ध होने से लोगों का समय और धन दोनों बच रहे हैं। इससे शासन और जनता के बीच संवाद और विश्वास भी लगातार मजबूत हो रहा है।
स्वास्थ्य शिविर में सैकड़ों लोगों ने कराई जांच
शिविर में स्वास्थ्य विभाग की ओर से व्यापक चिकित्सा सेवाएं उपलब्ध कराई गईं।
- 128 लोगों का स्वास्थ्य परीक्षण किया गया।
- सभी मरीजों को निःशुल्क दवाइयां वितरित की गईं।
- आयुर्वेद विभाग ने 30 लाभार्थियों को औषधियां उपलब्ध कराईं।
- होम्योपैथी विभाग ने 24 लोगों को निःशुल्क दवाइयां दीं।
- महिला एवं बाल विकास विभाग ने 6 पात्र महिलाओं को मुख्यमंत्री महालक्ष्मी किट प्रदान की।
लोक संस्कृति के माध्यम से योजनाओं की दी जानकारी
शिविर में सूचना एवं लोक संपर्क विभाग में पंजीकृत सांस्कृतिक दल ‘नई दिशा’ ने लोकगीत और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के माध्यम से सरकार की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं का प्रचार-प्रसार किया।
इस दौरान सूचना विभाग ने योजनाओं से संबंधित प्रचार सामग्री भी वितरित की, ताकि अधिक से अधिक लोग सरकारी योजनाओं की जानकारी लेकर उनका लाभ उठा सकें।
पूर्व सैनिकों और नागरिकों को दी गई महत्वपूर्ण जानकारी
जिला सैनिक कल्याण एवं पुनर्वास अधिकारी कर्नल (अ.प्रा.) रमेश सिंह ने पूर्व सैनिकों, वीर नारियों और उनके आश्रितों के लिए संचालित पेंशन, छात्रवृत्ति एवं अन्य कल्याणकारी योजनाओं की जानकारी दी।
वहीं उपजिलाधिकारी अनुराग आर्या ने विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम, मतदाता सूची, समान नागरिक संहिता (यूसीसी), आयुष्मान कार्ड, भू-कानून, खाता-खतौनी तथा ऑनलाइन प्रमाण-पत्रों जैसी जनहितकारी सेवाओं के बारे में विस्तार से जानकारी देते हुए नागरिकों से इन योजनाओं का अधिकाधिक लाभ उठाने की अपील की।
इनकी रही मौजूदगी
शिविर में ग्राम प्रधान उषा पिनारी, परियोजना निदेशक डीआरडीए शिल्पी पंत, उपजिलाधिकारी अनुराग आर्या, जिला अर्थ एवं संख्याधिकारी मुकेश नेगी, जिला सैनिक कल्याण एवं पुनर्वास अधिकारी कर्नल (अ.प्रा.) रमेश सिंह, खंड विकास अधिकारी पंकज जोशी, तहसीलदार भुवन भंडारी, बाल विकास परियोजना अधिकारी अनीता सक्सेना, भाजपा मंडल अध्यक्ष नीरज बिष्ट, सामाजिक कार्यकर्ता दलीप बोरा सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी, जनप्रतिनिधि और बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे।
