कलसिया नाला क्षेत्र में आयोजित मॉक ड्रिल के दौरान रेस्क्यू टीम घायलों को निकालते हुए
हल्द्वानी। मानसून से पहले आपदा प्रबंधन की तैयारियों को परखने के लिए हल्द्वानी में व्यापक स्तर पर मॉक ड्रिल आयोजित की गई। इस दौरान कलसिया नाला क्षेत्र में अचानक आई बाढ़ जैसी स्थिति का सिमुलेशन तैयार किया गया, जिसमें विभिन्न एजेंसियों के समन्वय और रेस्क्यू क्षमता का परीक्षण किया गया।

मॉक ड्रिल के तहत जैसे ही त्वरित बाढ़ की सूचना जारी हुई, स्थानीय लोगों को तुरंत अलर्ट किया गया और उन्हें सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने की प्रक्रिया शुरू की गई। सूचना मिलते ही राहत एवं बचाव दल मौके पर पहुंचे और रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया।
11 लोग ‘घायल’, 2 की हालत गंभीर

अभ्यास के दौरान कुल 11 लोगों को घायल दिखाया गया, जिनमें से 2 की स्थिति गंभीर बताई गई।
- घायलों को मौके पर ही प्राथमिक उपचार दिया गया
- गंभीर घायलों को हायर सेंटर रेफर किया गया
- मेडिकल और रेस्क्यू टीमों ने तेजी से कार्रवाई करते हुए समयबद्ध तरीके से सभी को सुरक्षित निकाला
कई एजेंसियों ने लिया हिस्सा
इस मॉक ड्रिल में विभिन्न विभागों और सुरक्षा एजेंसियों ने संयुक्त रूप से हिस्सा लिया, जिनमें शामिल रहे:
- राजस्व विभाग
- पुलिस
- ITBP
- CRPF
- होमगार्ड
- फायर सर्विस
सभी टीमों ने मिलकर समन्वित तरीके से रेस्क्यू ऑपरेशन को अंजाम दिया।
समन्वय रहा बेहतर: SDM
SDM हल्द्वानी ने बताया कि मॉक ड्रिल के दौरान सभी टीमों के बीच बेहतरीन समन्वय देखने को मिला। किसी भी स्तर पर तालमेल की कमी नहीं रही, जिससे रेस्क्यू ऑपरेशन समय पर और प्रभावी ढंग से पूरा किया जा सका।
उन्होंने कहा कि आगामी बरसात के मौसम को ध्यान में रखते हुए सभी विभागों को आपसी तालमेल के साथ काम करने के निर्देश दिए जा रहे हैं, ताकि वास्तविक आपदा की स्थिति में त्वरित और प्रभावी प्रतिक्रिया सुनिश्चित की जा सके।
मानसून से पहले तैयारी मजबूत
यह मॉक ड्रिल आगामी मानसून सीजन के मद्देनजर की गई, जिससे यह सुनिश्चित किया जा सके कि किसी भी संभावित बाढ़ या आपदा की स्थिति में प्रशासन और राहत एजेंसियां पूरी तरह तैयार रहें।
