मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कुंभ मेला 2027 की तैयारियों हेतु केंद्र सरकार द्वारा जारी ₹500 करोड़ की राशि पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का आभार व्यक्त किया।
नई दिल्ली। उत्तराखंड में प्रस्तावित कुंभ मेला 2027 की तैयारियों को लेकर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने भारत सरकार द्वारा 500 करोड़ की धनराशि जारी किए जाने पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्र सरकार का आभार व्यक्त किया है। उन्होंने इसे राज्य के लिए बड़ी सौगात बताते हुए कहा कि यह सहयोग आयोजन को वैश्विक स्तर पर उत्कृष्ट बनाने में सहायक होगा।

मुख्यमंत्री ने कहा कि कुंभ मेला केवल एक धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि भारत की सनातन संस्कृति, आध्यात्मिक विरासत और सामाजिक समरसता का विश्वविख्यात महापर्व है, जो विश्वभर से श्रद्धालुओं और पर्यटकों को आकर्षित करता है।
आधारभूत ढांचे और सुविधाओं को मिलेगा बल

मुख्यमंत्री के अनुसार केंद्र सरकार द्वारा स्वीकृत यह धनराशि निम्न कार्यों को गति देगी:
- आधारभूत ढांचे का सुदृढ़ीकरण
- यातायात प्रबंधन व्यवस्था में सुधार
- पेयजल और स्वच्छता सुविधाओं का विस्तार
- सुरक्षा व्यवस्था को आधुनिक बनाना
- श्रद्धालुओं के लिए आवास एवं सुविधाओं का विकास
इन कार्यों से कुंभ क्षेत्र में आने वाले करोड़ों श्रद्धालुओं को सुरक्षित और सुविधाजनक वातावरण उपलब्ध कराया जा सकेगा।
पूर्व अनुरोध पर मिली स्वीकृति
मुख्यमंत्री ने बताया कि उन्होंने पूर्व में प्रधानमंत्री से कुंभ आयोजन के लिए विशेष वित्तीय सहायता का अनुरोध किया था। केंद्र सरकार द्वारा त्वरित स्वीकृति राज्य और केंद्र के बीच मजबूत समन्वय का उदाहरण है।
केंद्र सरकार का उत्तराखंड विकास में निरंतर सहयोग
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार उत्तराखंड के विकास के लिए निरंतर प्रतिबद्ध है। उन्होंने निम्न प्रमुख परियोजनाओं का उल्लेख किया:
- चारधाम परियोजना
- ऑल वेदर रोड
- रेल कनेक्टिविटी विस्तार
- हवाई कनेक्टिविटी सुदृढ़ीकरण
इन परियोजनाओं में केंद्र का सहयोग राज्य के समग्र विकास के लिए महत्वपूर्ण साबित हुआ है।
दिव्य और ऐतिहासिक आयोजन का संकल्प
मुख्यमंत्री ने विश्वास व्यक्त किया कि केंद्र और राज्य सरकार के समन्वित प्रयासों से कुंभ मेला 2027 ऐतिहासिक, सुरक्षित और सुव्यवस्थित आयोजन के रूप में स्थापित होगा। देश-विदेश से आने वाले करोड़ों श्रद्धालुओं को उत्कृष्ट सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए राज्य सरकार समयबद्ध, पारदर्शी और गुणवत्ता पूर्ण कार्य सुनिश्चित करेगी।
निष्कर्ष
500 करोड़ की केंद्रीय सहायता हरिद्वार कुंभ 2027 को विश्वस्तरीय आयोजन बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। यह सहयोग न केवल धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देगा, बल्कि राज्य के बुनियादी ढांचे, अर्थव्यवस्था और वैश्विक पहचान को भी मजबूत करेगा।
