पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत
देहरादून। उत्तराखंड में आपदाओं का खतरा लगातार बढ़ता जा रहा है। इस बीच पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत ने आपदा प्रबंधन को लेकर बड़ा सुझाव दिया है। रावत ने कहा कि हर गांव में ऐसा तंत्र विकसित किया जाए, जिससे आपदा के समय तुरंत अलर्ट दिया जा सके। इसके लिए ग्राम प्रधान, चौकीदार और स्थानीय वॉलिंटियर्स को टेलीफोन और भूतल स्तर की तकनीक उपलब्ध कराई जाए, ताकि समय पर चेतावनी देकर जानमाल की रक्षा की जा सके।

पूर्व मुख्यमंत्री ने यह भी सुझाव दिया कि युवक मंगल दल और महिला मंगल दल को आपदा प्रबंधन की ट्रेनिंग दी जानी चाहिए। इससे वे एसडीआरएफ के साथ मिलकर राहत और बचाव कार्यों में मदद कर सकेंगे। उन्होंने मांग की कि ग्राम प्रधानों को तत्काल राहत पहुंचाने का अधिकार दिया जाए और जिलाधिकारियों को विकेंद्रीकृत अधिकार मिले, ताकि हिमालयी क्षेत्रों में आपदा प्रबंधन तेजी से हो सके।
